2. डिजिटल एंटरtainment: स्क्रीन से परे की दुनिया

18 साल की उम्र में कॉलेज में कदम रखते ही लड़कियों की जीवनशैली में सबसे बड़ा बदलाव उनके 'सेल्फ-ग्रूमिंग' और 'डिसीजन मेकिंग' में आता है।

आज के डिजिटल युग में, 18 साल की उम्र केवल बालिग होने की दहलीज नहीं है, बल्कि यह सपनों, स्वायत्तता (independence) और एक बिल्कुल नई जीवनशैली की शुरुआत है। विशेष रूप से 'Kingcom' जैसे शैक्षिक और सामाजिक परिवेश में रहने वाली कॉलेज गर्ल्स के लिए, लाइफस्टाइल और एंटरटेनमेंट के मायने पूरी तरह बदल चुके हैं।